- Pan-India Superstar Shivarajkumar Unleashes His Fiercest Avatar Yet as the ‘Original Monster’; First Poster and Motion Poster Out Now
- पैन इंडिया सुपरस्टार शिवराजकुमार का अब तक का सबसे खूंखार अवतार ‘ओरिजिनल मॉन्स्टर’; पोस्टर और मोशन पोस्टर हुआ रिलीज
- Akshay Kumar-Vipul Amrutlal Shah reunite for alien thriller Samuk after 12 years
- Five Bollywood actor-filmmaker partnerships that became a genre of their own
- Mismatched S4 to The Revolutionaries, Rohit Saraf is Keeping the Ball Rolling this Year
विकास साबू को नान मुधलवन (मैं प्रथम) में मिला सम्मान
सेलम, (तमिलनाडु)– साबू ट्रेड, सेलम के निर्देशक और खाद्य उद्योग के अग्रणी नाम विकास साबु को तमिलनाडु सरकार द्वारा शुरू की गई नान मुधलवन (मैं प्रथम) कार्यक्रम में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए सम्मानित किया गया है। इसका उद्देश्य राज्य के युवाओं को खाद्य उद्योग संबंधित तकनीकी शोध कौशल से परिचय कराना है।
श्री साबु को रेयरमाइंड्स द्वारा नवीनतम स्टूडेंट प्रोजेक्ट्स का मूल्यांकन करने के लिए एक पैनलिस्ट और जज के रूप में आमंत्रित किया गया । खाद्य उद्योग के बारे में उनके व्यापक अनुभव और गहरी समझ ने उन्हें इस पहल के लिए एक मूल्यवान सलाहकार बना दिया। मूल्यांकन प्रक्रिया के दौरान, श्री साबु ने छात्रों के साथ सहजता से बातचीत की, व्यावहारिक बातें बताई और अपना मार्गदर्शन दिया । छात्रों और साथी पैनलिस्टस ने उनके अंदरुनी समझ की तारीफ़ की।
श्री साबु ने छात्रों को सलाह दी कि वे विकास की मानसिकता अपनाएँ, दूसरों के साथ सम्मान से पेश आएँ, अपने जुनून का पालन करें, सदैव जिज्ञासु बने रहें, अपने कार्यों की जिम्मेदारी लें और उन चीज़ों पर ध्यान केंद्रित करें जिन्हें वे अपने आप कर सकते हैं। उनकी सलाह और मार्गदर्शन को वैश्विक अर्थव्यवस्था में सफलता के लिए छात्रों को तैयार करने और उनके जीवन पर सकारात्मक प्रभाव डालने में सहायक माना जाता है।
नान मुधलवन (मैं प्रथम) में दो चरण थे: पहला ऑनलाइन हैकाथॉन और दूसरा पेरियार विश्वविद्यालय में फाइनल इवेंट। विश्वविद्यालय के कार्यक्रम के दौरान, छात्रों ने खाद्य विश्लेषण से संबंधित अपने नवीनतम अनुसंधान प्रदर्शित किये और उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए उन्हें सम्मानित किया गया।
श्री साबु को पेरियार विश्वविद्यालय के सीनेट सदस्य के रूप में उनके तीन साल के कार्यकाल के लिए संकाय द्वारा एक स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।


